भिलाई। भिलाई इस्पात संयंत्र (BSP) से स्क्रैप चोरी कर उसे रायपुर पावर एंड स्टील लिमिटेड, रसमड़ा स्थित औद्योगिक संस्थान में खपाने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुरानी भिलाई थाना पुलिस ने मामले की जांच के दौरान कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर और डायरेक्टर को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, पुरानी भिलाई थाने में दर्ज अपराध क्रमांक 277/2026 की जांच में अब तक कुल 21 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस का कहना है कि मामले में चोरी किए गए स्क्रैप की सप्लाई, खरीद और उसे खपाने से जुड़े नेटवर्क की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
ए.के. ट्रेडर्स से बरामद हुआ था भारी मात्रा में स्क्रैप
पुलिस के मुताबिक, 26 मई 2026 को पुरानी भिलाई थाना क्षेत्र के अकलोरडीही खदान पारा स्थित ए.के. ट्रेडर्स से बड़ी मात्रा में लोहे का स्क्रैप बरामद किया गया था। इसके बाद पुलिस ने मामले में अपराध दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच आगे बढ़ने के साथ पुलिस ने मामले से जुड़े लोगों की भूमिका की पड़ताल की। शुरुआती कार्रवाई में 19 आरोपियों की गिरफ्तारी की गई थी। इसके बाद जांच के दौरान स्क्रैप के खरीदारों और उसे खपाने वाले संस्थानों से जुड़े लोगों की भूमिका भी पुलिस के सामने आई।
तकनीकी साक्ष्यों से कंपनी तक पहुंची जांच
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के विश्लेषण के दौरान कुछ महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आईं। जांच में पुलिस को ऐसे साक्ष्य मिले, जिनके आधार पर BSP से चोरी किए गए स्क्रैप को रायपुर पावर एंड स्टील लिमिटेड, रसमड़ा स्थित औद्योगिक संस्थान में खपाए जाने की बात सामने आई।
इसके बाद पुलिस ने कंपनी से जुड़े अधिकारियों और जिम्मेदार लोगों की भूमिका की जांच शुरू की। जांच के दौरान उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कंपनी के दो अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की गई।
रायपुर पावर एंड स्टील के MD और डायरेक्टर गिरफ्तार
पुलिस ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर 18 सितंबर 2026 को रायपुर पावर एंड स्टील लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर विनोद कुमार गर्ग और डायरेक्टर संदीप कुमार सिंह को गिरफ्तार किया।
पुलिस के अनुसार, 60 वर्षीय विनोद कुमार गर्ग रायपुर के भाठागांव स्थित वालफोर्ट सिटी के निवासी हैं और रसमड़ा स्थित रायपुर पावर एंड स्टील लिमिटेड में मैनेजिंग डायरेक्टर के पद पर कार्यरत हैं।
वहीं, 39 वर्षीय संदीप कुमार सिंह दुर्ग के स्मृति नगर, सुपेला क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं। वह कंपनी में डायरेक्टर के पद पर कार्यरत हैं।
कोर्ट ने दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजा
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया। कोर्ट के आदेश के बाद दोनों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
पुलिस का कहना है कि मामले की विवेचना अभी जारी है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि स्क्रैप चोरी और उसे खपाने की पूरी प्रक्रिया में और कौन-कौन लोग शामिल थे।
अब तक 21 आरोपी गिरफ्तार
पुरानी भिलाई पुलिस के मुताबिक, अपराध क्रमांक 277/2026 में अब तक कुल 21 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस चोरी किए गए स्क्रैप की सप्लाई और उसकी खरीद से जुड़े नेटवर्क की भी पड़ताल कर रही है।
मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के साथ छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम, 1990 की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस की जांच का फोकस अब स्क्रैप चोरी के पूरे नेटवर्क, चोरी किए गए माल की सप्लाई, उसके खरीदारों और औद्योगिक संस्थानों में उसकी खपत से जुड़े पहलुओं पर है। पुलिस के अनुसार, जांच पूरी होने के बाद मामले में शामिल अन्य लोगों के खिलाफ भी कार्रवाई की जा सकती है।
