नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) ने केंद्र सरकार की एथेनॉल मिश्रित ईंधन (E20) नीति के खिलाफ बड़ा आंदोलन छेड़ने का ऐलान किया है। पार्टी का कहना है कि यदि सरकार इस फैसले पर पुनर्विचार नहीं करती, तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा। इसी कड़ी में AAP ने प्रधानमंत्री आवास तक मार्च निकालने की घोषणा की है।
पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए कहा कि देश के युवाओं की एकजुट आवाज का असर पहले भी देखने को मिला है और अब एथेनॉल के मुद्दे पर भी जनता को संगठित होकर अपनी बात रखनी होगी। उन्होंने लोगों से इस अभियान में शामिल होने की अपील की।
केजरीवाल ने दिल्ली और आसपास के लोगों से सुबह 11:30 बजे कांस्टीट्यूशन क्लब पहुंचने का आग्रह करते हुए कहा कि यहां नागरिकों को अपनी राय और चिंताएं रखने का अवसर मिलेगा। इसके बाद पार्टी की ओर से आगे की रणनीति और आंदोलन की रूपरेखा साझा की जाएगी।
AAP का आरोप है कि E20 नीति से आम लोगों, वाहन मालिकों और युवाओं की चिंताएं बढ़ी हैं। पार्टी का कहना है कि सरकार को इस मुद्दे पर जनता के सवालों का जवाब देना चाहिए और सभी पक्षों से व्यापक चर्चा के बाद ही आगे का फैसला लेना चाहिए।
वहीं, केंद्र सरकार की ओर से इस मुद्दे पर अभी तक कोई नई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। ऐसे में अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि प्रस्तावित आंदोलन का क्या असर पड़ता है और सरकार इस पर क्या रुख अपनाती है।
मुख्य बातें
- एथेनॉल (E20) नीति के विरोध में AAP का बड़ा आंदोलन।
- प्रधानमंत्री आवास तक मार्च निकालने का ऐलान।
- अरविंद केजरीवाल ने लोगों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की।
- सुबह 11:30 बजे कांस्टीट्यूशन क्लब में जुटने का आह्वान।
- पार्टी ने सरकार से E20 नीति पर पुनर्विचार की मांग की।
- केंद्र सरकार की ओर से फिलहाल कोई नई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं।
