नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने देश में लोकप्रिय मैसेजिंग ऐप टेलीग्राम (Telegram) पर अस्थाई रूप से प्रतिबंध (Temporary Ban) लगा दिया है। यह कड़ा फैसला आगामी RE-NEET परीक्षा को ध्यान में रखते हुए और पेपर लीक जैसी घटनाओं को रोकने के लिए लिया गया है।राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की सिफारिशों के बाद, सरकार ने सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000 की धारा 69A (Section 69A of IT Act) के तहत यह आदेश जारी किया है।
- आखिर टेलीग्राम को ही क्यों किया गया बैन?
नीट (NEET) और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक मामले में अक्सर टेलीग्राम का नाम सामने आता रहा है। जांच में पाया गया है कि टेलीग्राम के कई ग्रुप्स और चैनल्स पर अवैध रूप से परीक्षा के प्रश्न पत्र और अन्य गोपनीय सामग्रियां बेची जा रही थीं। परीक्षा की शुचिता (Integrity) बनाए रखने के लिए सरकार ने परीक्षा के दौरान इस पर रोक लगाना ही उचित समझा।
- धोखाधड़ी करने वालों की पहली पसंद क्यों है टेलीग्राम?
विशेषज्ञों और सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार, स्कैमर्स और धोखाधड़ी करने वाले लोग टेलीग्राम का इस्तेमाल इसलिए करते हैं क्योंकि:
आसान प्राइवेसी: इस ऐप पर अकाउंट बनाना बेहद आसान है।
वर्चुअल नंबर्स का खेल: कई देशों में अस्थाई या वर्चुअल नंबरों के जरिए इस पर अकाउंट चलाए जाते हैं, जिससे असली यूजर की पहचान छुपाना आसान हो जाता है।
बड़ी संख्या में रीच: इसके चैनल्स और ग्रुप्स में लाखों लोगों को एक साथ जोड़ा जा सकता है, जिससे अवैध सामग्री को तेजी से फैलाया जा सकता है।
